चमोली। उत्तराखंड राज्य स्थापना दिवस की रजत जयंती के अवसर पर सोमवार को ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण (भराड़ीसैंण) में भव्य समारोह का आयोजन किया गया। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कार्यक्रम में प्रतिभाग कर राज्य आंदोलन के शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की और राज्य आंदोलनकारियों को शाल ओढ़ाकर सम्मानित किया।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने 142.25 करोड़ रुपये की विकास योजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया, जिनमें 43.63 करोड़ की 27 योजनाओं का लोकार्पण तथा 98.62 करोड़ रुपये की 33 योजनाओं का शिलान्यास शामिल है। उन्होंने विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए प्रदर्शनी स्टॉलों का अवलोकन किया और खेल, शिक्षा, कृषि एवं अन्य क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य करने वाले नागरिकों को सम्मानित किया।
समारोह के दौरान आईटीबीपी, आईआरबी, नागरिक पुलिस, होमगार्ड, महिला आरक्षी, फायर सर्विस एवं एनसीसी महिला दस्ते ने 46वीं वाहिनी पीएसी के बैंड की धुन पर आकर्षक परेड प्रदर्शन किया। मुख्यमंत्री ने परेड का निरीक्षण भी किया।
मुख्यमंत्री धामी ने इस अवसर पर राज्यवासियों को उत्तराखंड स्थापना दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा राज्य को 8200 करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाओं की सौगात देना गर्व का विषय है। उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य उत्तराखंड को विश्व की आध्यात्मिक राजधानी के रूप में स्थापित करना है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य में केदारखण्ड और मानसखण्ड क्षेत्रों में पौराणिक मंदिरों का पुनरुद्धार एवं सौंदर्यीकरण तेजी से किया जा रहा है। उन्होंने भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को श्रद्धापूर्वक नमन करते हुए कहा कि अटल जी ने न केवल राज्य का निर्माण कराया बल्कि औद्योगिक पैकेज देकर विकास की मजबूत नींव रखी।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार गैरसैंण को एक मॉडल क्षेत्र के रूप में विकसित करने के लिए कार्य कर रही है। सारकोट गांव को गोद लेकर इसे मॉडल गांव के रूप में विकसित किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य की विकास दर में तेजी से वृद्धि हुई है, किसानों की आय में बढ़ोतरी हो रही है और बेरोजगारी में 4.4 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई है।
उत्तराखंड को सतत विकास सूचकांक में प्रथम स्थान तथा मोस्ट फिल्म फ्रेंडली स्टेट अवॉर्ड भी प्राप्त हुआ है। धामी ने कहा कि राज्य में सख्त भू-कानून लागू कर भू-माफिया पर अंकुश लगाया गया है और नकल-विरोधी कानून से भर्ती प्रक्रियाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित की गई है।
मुख्यमंत्री ने गैरसैंण एवं आसपास के क्षेत्रों को स्मार्ट सिटी की तर्ज पर विकसित करने के लिए मास्टर प्लान की डीपीआर तैयार करने की घोषणा की। साथ ही चौखुटिया, ज्योतिर्मठ और घनशाली को उड़ान योजना से जोड़ने की घोषणा भी की।
कार्यक्रम में कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत, विधायकगण, जनप्रतिनिधि, अधिकारी, भाजपा पदाधिकारी एवं बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे। पूरे गैरसैंण में रजत जयंती समारोह के अवसर पर उत्सव और गर्व का माहौल छाया रहा।



