देहरादून। उत्तराखंड में अब वन्यजीवों के हमले में मौत होने पर पीड़ित परिवार को 10 लाख रुपये की अनुग्रह राशि दी जाएगी। राज्य शासन ने बुधवार को इस संबंध में अधिसूचना जारी कर दी है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी पहले ही इस निर्णय की घोषणा कर चुके थे। पहाड़ी क्षेत्रों में बढ़ते मानव-वन्यजीव संघर्ष को देखते हुए इसे महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
कांग्रेस का सरकार पर हमला
वन्यजीवों के बढ़ते हमलों को लेकर कांग्रेस ने राज्य सरकार पर तीखा आरोप लगाया है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने कहा कि गुलदार, भालू सहित अन्य जंगली जानवरों के हमले लगातार बढ़ रहे हैं, लेकिन सरकार की उदासीनता के कारण हालात बिगड़ते जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि “तारीखें गईं, दिन गुजरते गए, लेकिन उत्तराखंड में हालात जस के तस बने हुए हैं। सरकार मानो जनता की पीड़ा से बेखबर है।”
गोदियाल ने इंटरनेट मीडिया के माध्यम से बयान जारी कर आरोप लगाया कि विपक्ष को कटघरे में खड़ा करने वाले लोग असल मुद्दों से ध्यान भटकाने की कोशिश कर रहे हैं, जबकि ग्रामीण लगातार अपनी जान गंवा रहे हैं। उन्होंने चंपावत जिले के लोहाघाट निवासी देव सिंह अधिकारी की हाल ही में घर के आंगन में गुलदार के हमले में हुई मौत पर शोक व्यक्त करते हुए कहा कि यह बेहद चिंताजनक स्थिति है।
“सरकार कब जागेगी” — गोदियाल
कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि प्रदेश में वन्यजीव हमलों की संख्या चिंताजनक स्तर पर पहुंच रही है और ऐसा प्रतीत होता है कि सरकार जनता के धैर्य की परीक्षा ले रही है। उन्होंने मांग की कि राज्य सरकार तत्परता के साथ प्रभावी कदम उठाए ताकि ग्रामीणों की जान-माल को सुरक्षा मिल सके।



